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पम्प चालू करने और बन्द करने के कार्य में लगे हैं बीसीसीएल के 21 कर्मी, प्रबंधन लापरवाह

धनबाद(कतरास): 26-07-2024
बीसीसीएल एरिया 4 अंतर्गत कतरास हीरक रोड के किनारे कोलडंप के समीप स्थित बिजली हाउस में इंजीनियर अभिमन्यु कुमार सहित कुल 28 कर्मी कार्य करते हैं. इन कर्मियों का कार्य दुर्गा कॉलोनी, कोलडंप कॉलोनी(शिव कॉलोनी), 192 यूनिट, और 48 यूनिट में पानी सप्लाई करने एवं बिजली से संबंधित समस्याओं का निराकरण करना है. मैकेनिकल विभाग के फोरमैन बिंदेश्वर रजक ने बताया कि 28 कर्मियों में से 7 कर्मी इलेक्ट्रिकल विभाग में कार्यरत हैं जबकि शेष बचे 21 कर्मी मेकेनिकल विभाग से संबंधित है जिसका मुख्य कार्य कॉलोनी में पानी सप्लाई करने के लिए पम्प चालू करना और बन्द करना है. आपको बता दे कि अधिकांश कॉलोनी में अपना अपना बोरिंग करा लेने के कारण वहां बीसीसीएल द्वारा पानी सप्लाई करने का जरूरत नही पड़ता है. 192 यूनिट(न्यू दुर्गा कॉलोनी) में लोगों ने अपने अपने बोरिंग करा रखे हैं जिससे उक्त कॉलोनी के सभी बिल्डिंग में पानी सप्लाई हो जाता है. यहाँ बीसीसीएल द्वारा पानी सप्लाई नही किया जाता है.  कोलडंप कॉलोनी मे अपना बोरिंग भी है और जरूरत के आधार पर सप्लाई भी किया जाता है. 48 यूनिट में संतोष सिंह नाम का पम्प ऑपरेटर कार्यरत है. मुख्य रूप से दुर्गा कॉलोनी में ही पानी सप्लाई करने की जरूरत है जहां वर्षो से पानी की विकट स्थिति बनी हुई है. आपको यह जानकर हैरानी होगा कि इलेक्ट्रिकल विभाग के मात्र 7 कुर्मी मिलकर सभी यूनिटों की देखरेख कर लेते हैं. जबकि मैकेनिकल विभाग के 21 में से एक दो कर्मी को छोड़कर बाकी सभी कर्मी केवल दुर्गा नगर कॉलोनी और कोल डंप कॉलोनी में पानी सप्लाई करने के लिए पम्प ऑपरेटिंग में लगे हुए हैं. 
पम्प ऑपरेट करने से लेकर भेल खोलने और बंद करने तक का कार्य करती है महिला कर्मी
21 में से 8 कर्मी महिला है, जिसमें से आधे से अधिक या सब के सब अनुकंपा के आधार पर नियुक्त किये गए हैं. आपको यह जानकर और भी आश्चर्य होगा कि पंप ऑन ऑफ करने से लेकर भेल खोलने और बंद करने तक का कार्य महिला कर्मियों द्वारा ही किया जाता है. पुरुषकर्मी का कार्य तभी होता है जब किसी प्रकार की तकनीकी खराबी हो जाए. क्योंकि अनुकंपा पर नियुक्त महिला कर्मी को टेक्निकल जानकारी नहीं होने के कारण पंप हाउस में आई तकनीकी खराबी को वे ठीक नहीं कर पाती हैं. ऐसी स्थिति में फीटर से काम लिया जाता है अन्यथा वे बिजली हाउस अथवा अन्यत्र बैठकर कुर्सी तोड़ने का काम करते हैं. शाम 6: 20 के आसपास पम्प हाउस बन्द पाया गया. पंप हाउस में काम करने वाले सभी कर्मियों के काम का बंटवारा अर्थात किस शिफ्ट में किसको काम करना है इसकी जानकारी कार्यालय के अधिकारी ही दे सकते हैं.

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