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प्रयागराज महाकुंभ जा रहे परिवार की कार को ट्रेलर ने मारी टक्कर, एक ही परिवार के 6 लोगों समेत 7 की मौत

प्रयागराज महाकुंभ जा रहे परिवार की कार को ट्रेलर ने मारी टक्कर, एक ही परिवार के 6 लोगों समेत 7 की मौत

अंबिकापुर/सोनभद्र: उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के हाथीनाला थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ, जिसमें एक ही परिवार के छह सदस्यों सहित सात लोगों की मौत हो गई। हादसे में प्रधान आरक्षक रवि मिश्रा, उनकी मां, बेटे, पत्नी, नौकरानी और कार चालक की जान चली गई, जबकि एक ट्रक चालक की भी दुर्घटना में मौत हो गई।

महाकुंभ जाने के दौरान हुआ हादसा

छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर निवासी प्रधान आरक्षक रवि मिश्रा अपने परिवार के साथ प्रयागराज महाकुंभ जा रहे थे। उनकी क्रेटा कार (CG 15 EB-4141) जैसे ही वाराणसी-शक्तिनगर मार्ग पर हाथीनाला थाना क्षेत्र के रानीताली के पास पहुंची, तभी सामने से डिवाइडर तोड़कर आए तेज रफ्तार ट्रेलर ने कार को टक्कर मार दी।

टक्कर इतनी भयानक थी कि कार के उड़े परखच्चे

हादसा इतना जबरदस्त था कि कार पूरी तरह चकनाचूर हो गई और मौके पर ही रवि मिश्रा (45 वर्ष), उनके 8 वर्षीय बेटे अथर्व, कार चालक सोनू कादरी और नौकरानी दुर्गा प्रजापति की मौत हो गई।

इलाज के दौरान मां ने भी तोड़ा दम, पत्नी-बेटा जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे

गंभीर रूप से घायल रवि मिश्रा की मां शीला मिश्रा (62 वर्ष), पत्नी प्रियंका मिश्रा और बड़े बेटे दीपांशु मिश्रा को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान शीला मिश्रा की भी मौत हो गई। वहीं, प्रियंका और दीपांशु की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है और उन्हें बीएचयू, बनारस में भर्ती कराया गया है।

एक साथ उठीं तीन अर्थियां, नम हुईं आंखें

सोमवार सुबह जब रवि मिश्रा, उनके बेटे और मां के शव अंबिकापुर के गंगापुर स्थित घर पहुंचे, तो पूरा माहौल गमगीन हो गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। एक साथ तीन अर्थियां उठने का दृश्य देखकर हर कोई भावुक हो गया।

शंकरघाट मुक्तिधाम में हुआ अंतिम संस्कार

गहरे शोक और दुख के माहौल में शंकरघाट मुक्तिधाम, अंबिकापुर में तीनों का अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि रवि मिश्रा के छोटे भाई सत्यप्रकाश मिश्रा ने दी, जो छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल में पदस्थ हैं।

शोक में डूबा परिवार और पुलिस विभाग

रवि मिश्रा छत्तीसगढ़ पुलिस में प्रधान आरक्षक के पद पर तैनात थे और उनकी छवि एक मिलनसार और कर्तव्यनिष्ठ अधिकारी के रूप में थी। उनके अंतिम संस्कार में परिवार, रिश्तेदारों के अलावा सरगुजा संभाग के विभिन्न थानों में तैनात पुलिसकर्मी भी शामिल हुए।

पत्नी और बेटे को अब तक नहीं पता कि उनका पूरा परिवार उजड़ गया

अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रही प्रियंका मिश्रा और उनके बेटे दीपांशु को अभी तक यह नहीं बताया गया है कि उनके पति, छोटा बेटा और सास की मौत हो चुकी है। हादसे ने पूरे क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है।

 

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